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Tuesday, 14 July 2020

छत्तीसगढ़ का राष्ट्रीय उद्यान Forest Resources Of Chhattisgarh , rashtriy uddhan cg , cgpsc

छत्तीसगढ़ का राष्ट्रीय उद्यान

  छत्तीसगढ़ की वन सम्पदा Forest Resources Of Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय उद्यान 

                 वन आवरण की दृष्टि से छत्तीसगढ़ राज्य का देश में तीसरा स्थान है।  राज्य का 44. 2 % भाग वनाच्छादित है।   राज्य का वन मुख्यालय बिलासपुर में है।  यहाँ विभिन्न प्रकार के वन्य जीव पाए जाते है।  सरगुजा क्षेत्र में काला हिरण ,बिलासपुर की नील गाय ,साही ,उदबिलाब  लुप्त होते जा रहे है।  

 

वन्य प्राणियों के बचाव और संरक्षण हेतु अभ्यारण्य  एवं उद्यान बनाये गए है।  छत्तीसगढ़ राज्य में 4 राष्ट्रीय उद्यान और 11 अभ्यारण्य है।  ये इस प्रकार है:-

 

       

1.    इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान  

          1258 वर्ग किमी. क्षेत्रफल में फैला यह राष्ट्रीय उद्यान दंतेवाड़ा जिले में है।  यहाँ के मुख्य वन्य प्राणी बाघ ,तेंदुआ ,बारहसिंहा ,जंगली भैसा आदि है।   यह उद्यान भारत शासन की प्रोजेक्ट टाइगर योजना के अंतर्गत शामिल है। इंद्रावती  राष्ट्रिय उद्यान जगदलपुर से 170 किमी. दुरी पर स्थित है।

 

2.     कांकेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान 

             सन 1982 में कांकेर राष्ट्रीय उद्यान घोषित हुआ था।  200 वर्ग किमी. क्षेत्र में फैला बस्तर का यह  दूसरा राष्ट्रीय उद्यान है।       यह बाघ ,तेंदुआ ,चीतल,साम्भर जैसे वन्य प्राणियों के संरक्षण के लिए प्रसिद्ध है।  

 

3.   कुटरू राष्ट्रीय उद्यान 

            बस्तर का यह राष्ट्रीय उद्यान जंगली भैसो के संरक्षण के लिए प्रसिद्ध है।  यहाँ विशेष रूप से जंगली भैसो का देख भाल किया जाता है। 

 

4.   संजय राष्ट्रीय उद्यान 

             इस राष्ट्रीय उद्यान का नाम बदलकर गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान रखा गया है।  यह सरगुजा व कोरिया जिलों में 2898. 7 वर्ग किमी. क्षेत्रफल में विस्तृत है।  जिसका मुख्यालय सरगुजा है।  यहाँ बाघ ,तेंदुआ ,चीतल  व नील गाय और चिंकारा आदि वन्य प्राणी पाये जाते है।      

 

 

 

    

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